इन रसायनों से पके फल खाने से मुँह के छाले, पेट में जलन : आम और केले जैसे फलों को कृत्रिम रूप से पकाने में कैल्शियम कार्बाइड (मसाला) और अन्य प्रतिबंधित रसायनों के उपयोग पर रोक
Ashwani Kumar Sinha
Tue, Jul 29, 2025
भोपाल: फलों में ‘मसाला’ से पकाने पर सख्ती, खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने की छापेमारी
भोपाल, 29 जुलाई 2025 –
आम और केले जैसे फलों को कृत्रिम रूप से पकाने में कैल्शियम कार्बाइड (मसाला) और अन्य प्रतिबंधित रसायनों के उपयोग पर रोक लगाने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने भोपाल में कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है।
खाद्य सुरक्षा एवं मानक (बिक्री पर प्रतिषेध एवं प्रतिबंध) विनियम, 2011 के तहत कैल्शियम कार्बाइड या एसिटिलीन गैस से पकाना गैर-कानूनी और स्वास्थ्य के लिए खतरनाक है। इन रसायनों से पके फल खाने से मुँह के छाले, पेट में जलन और कैंसर तक का खतरा हो सकता है।
इसके बावजूद, कुछ कारोबारी कम लागत और सुविधा के कारण आम, केले, पपीते जैसे फलों को कृत्रिम रूप से पकाने के लिए अभी भी "मसाला" का इस्तेमाल कर रहे हैं। कई जगह फलों को एथेफॉन घोल में डुबोकर भी पकाया जा रहा है, जो कि केवल FSSAI की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के अनुसार और एथिलीन गैस के सुरक्षित प्रयोग के रूप में ही अनुमत है।
अभियान की कार्यवाही
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने आज भोपाल के बिट्टन मार्केट मंडी और कृषि उपज मंडी, करोंद में छापेमारी कर करीब एक दर्जन दुकानों की जांच की।
गोदामों और क्रेट्स में कैल्शियम कार्बाइड की मौजूदगी की जांच की गई।
रंग, मोम और गैर-अनुमत रसायनों के प्रयोग पर निगरानी रखी गई।
दोषी पाए जाने पर एफएसएस अधिनियम के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
खाद्य सुरक्षा विभाग का संदेश

"उपभोक्ताओं की सेहत के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं होगा। कृत्रिम रूप से पकाए गए, रंगे या रसायन लगे फलों की बिक्री पर तुरंत रोक लगाई जाएगी और दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।"
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